Liver Cancer – यकृत कैंसर के कारण लक्षण प्रकार एवं ईलाज.

Liver Cancer को हिन्दी में यकृत का कैंसर भी कहा जा सकता है यकृत मानव शरीर का एक अहम् अंग है जो शरीर की शर्करा एवं चर्बी को नियंत्रित करने का कार्य करता है | यह ऐसे प्रोटीन का भी निर्माण करते हैं जिनकी उपस्थिति रुधिर में बेहद आवश्यक होती है कुछ प्रोटीन ऐसे भी होते हैं जो रुधिर को ज़माने में सहायक होते हैं अर्थात ये प्रोटीन अधिक खून बहने से रोकथाम करते हैं | पेट के अन्दर जाने वाले नुकसान दायक पदार्थों को लीवर द्वारा नष्ट कर लिया जाता है और बाद में ये पदार्थ द्रव्य रूप में रूपांतरित होकर मूत्र एवं मल के त्रौर पर शरीर से बाहर निकलते हैं | Liver Cancer से अभिप्राय शरीर के अन्दर यकृत में होने वाली उस प्रक्रिया से है जब यकृत के किसी हिस्से में असमान्य कोशिकाओं का जन्म होता है और वे अनियंत्रित गति से बढ़ने लगती हैं अर्थात लीवर में असाधारण कोशिकाओं की उत्पति ही Liver Cancer कहलाती है |

liver cancer in-hindi

यकृत कैंसर होने के कारण (Some main Cause of Liver Cancer in Hindi):

हालांकि यकृत का कैंसर होने के सही कारण अभी तक ज्ञात नहीं है लेकिन कुछ मुख्य घटक ऐसे है जिनसे Liver Cancer होने का खतरा बढ़ जाता है |

  • सबसे पहला कारण जो लीवर कैंसर की संभावना को बढ़ाता है वह है बढती उम्र, 65 से अधिक की उम्र के लोगों में यकृत कैंसर अधिक देखने को मिलता है |
  • Cirrhosis नामक बीमारी का होना लीवर में Cirrhosis बनने के अनेक कारण जैसे संक्रमण, शराब पीने की आदत, मोटापा इत्यादि कारण हो सकते हैं | Cirrhosis से hepatocellular carcinoma नामक कैंसर होने का खतरा होता है |
  • लीवर के कैंसर एवं Cirrhosis से उत्पन्न होने वाले Hepatitis B एवं Hepatitis C जैसे संक्रमणों से hepatocellular carcinoma होने का खतरा होता है | इसलिए ऐसे व्यक्ति जो Hepatitis B या C से ग्रस्त हैं उन्हें शराब नहीं पीनी चाहिए |
  • Hemochromatosis (शरीर में आयरन की भारी मात्रा में उपलब्धता ) tyrosinemia (टायरो सिन एक एमिनो एसिड होता है इसकी रुधिर में अधिक उपलब्धता tyrosinemia कहलाती है) ऐसे में Cirrhosis एवं hepatocellular carcinoma का खतरा बढ़ सकता है |
  • Aflatoxin नामक यह जहर अफ्रीका में लीवर कैंसर का प्रमुख कारण है यह फफूंदी लगी मूंगफली, मक्का, बिनौला, सुपारी, गेहूं, सोया इत्यादि में पाया जाता है | इसलिए कहा यह जा सकता है की फफूंदी लगी गेहूं, सोया, मूंगफली इत्यादि को लम्बे समय तक खाने से भी लीवर कैंसर की संभावना बढती है |
  • इसके अलावा बॉडी बिल्डरों द्वारा अपनी मांसपेशी को बढ़ाने के लिए उपयोग में लाये जाने वाले Anabolic steroid का लम्बे समय तक सेवन को भी Liver Cancer के कारणों में शामिल किया गया है |

यकृत कैंसर के प्रकार (Types of Liver Cancer in Hindi):

यद्यपि सामान्य भाषा में लीवर कैंसर के हर प्रकार को लीवर कैंसर ही कहा जाता है किन्तु इसके अनेक प्रकार के होते हैं लीवर के जिस हिस्से में कैंसर की शुरुआत होती है उस कैंसर को उसी हिस्से के नाम से नामकरण किया जाता है | कुछ प्रमुख प्रकार लीवर कैंसर के कुछ इस तरह से हैं |

  1. hepatocellular carcinoma :

hepatocellular carcinoma नामक यह लीवर कैंसर का प्रकार बिलकुल सामान्य सा प्रकार है इसमें लीवर की hepatocytes नामक कोशिकाएं प्रभावित होती हैं यही कारण है की इसे hepatocellular carcinoma कहते हैं इसके अलावा इसे hepatoma भी कहते हैं | कैंसर का यह प्रकार लीवर तक ही सिमित रहता है अर्थात कहने का आशय यह है की इस प्रकार का कैंसर शरीर के अन्य हिस्सों में बहुत कम फैलता है | और यह प्रकार महिलाओं की तुलना में पुरुषों में अधिक देखने को मिलता है और सामान्य पुरुषों के मुकाबले Cirrhosis से प्रभावित व्यक्तियों में अधिक देखने को मिलता है |

  1. cholangiocarcinoma:

cholangiocarcinoma नामक यह लीवर का कैंसर bile duct के कोशिकाओं में होता है यही कारण है की इसे Bile Duct carcinoma भी कहा जाता है | कैंसर का यह प्रकार पुरुषों के मुकाबले महिलाओं में अधिक पाया जाता है |

  1. angiosarcoma:

लीवर कैंसर का यह प्रकार लीवर के रुधिर वाहिनी में होता है और सामान्य रूप से अधिकतर इस प्रकार का कैंसर 70 से अधिक उम्र वाले व्यक्तियों में देखने को मिलता है | इसे hemangiocarcinoma भी कहा जाता है |

  1. hepatoblastoma:

hepatoblastoma नामक लीवर कैंसर का यह प्रकार एक दुर्लभ कैंसर है अर्थात बहुत कम देखने को मिलता है और यह प्रकार अधिकतर तौर पर बच्चों में देखने को मिलता है |

यकृत कैंसर के लक्षण (Symptoms of Liver Cancer in Hindi):

हालांकि शुरूआती दौर में लीवर कैंसर के लक्षण या Symptoms दिखाई नहीं देते या फिर यह भी कह सकते हैं की वे स्पष्ट नहीं होते फिर भी कुछ प्रमुख लक्षण इस प्रकार से हैं |लेकिन व्यक्ति को इस बात का भी ध्यान रखना होगा की निम्नलिखित लक्षण किसी और वजह से भी हो सकते हैं इसलिए किसी भी व्यक्ति में कोई सा भी लक्षण दिखने पर उसे अपने चिकित्सक को अवश्य दिखाना चाहिए |

  • हालांकि पीलिया या Jaundice किसी भी व्यक्ति को साधारण परिस्थितियों में भी हो सकता है लेकिन कभी कभी क्या होता है की जब लीवर में कैंसर हो तो वह अपना कार्य ठीक ढंग से नहीं कर पाटा है जिससे खून में Billrubin की मात्रा बढ़ जाती है और व्यक्ति को पीलिया हो सकता है | इसके अलावा यह भी हो सकता है की जब कैंसर से प्रभावित होकर पित्त नलिका बंद हो जाती है तो इस कारण भी पीलिया हो सकता है | अर्थात कहने का आशय यह है की पीलिया होना भी लीवर के कैंसर का एक लक्षण हो सकता है |
  • Ascites नामक रोग में व्यक्ति के पेट में द्रव अधिक जमा होने के कारण पेट और पैर में सूजन आ सकती है इसका उपचार चिकित्सक द्वारा पेट में एक नली डालकर सारा द्रव बाहर निकालकर किया जाता है कभी कभी Ascites भी लीवर कैंसर होने का लक्षण होता है |
  • लीवर कैंसर से प्रभावित व्यक्ति अपने पेट के उपरी हिस्से में दर्द का अनुभव करते हैं यह दर्द लीवर के आकर बढ़ जाने के कारण होता है |
  • भूख में कमी आना भी लीवर कैंसर का एक लक्षण हो सकता है |
  • इसके अलावा अकस्मात या अकारण वजन में कमी होना |
  • जी मिचलाना, कमजोरी एवं थकान इत्यादि भी लीवर कैंसर के लक्षण हो सकते हैं |
  • इसमें तेज बुखार एवं फ्लू इत्यादि भी हो सकता है |

यकृत कैंसर का ईलाज (Treatment of Liver Cancer in Hindi):

यद्यपि कोई व्यक्ति लीवर कैंसर से प्रभावित है या नहीं यह निरीक्षण करने के लिए चिकित्सकों द्वारा विभिन्न प्रकार की जांच जैसे Complete Blood Count (CBC), LFT (Liver Function Test), लीवर का Ultrasound Scan, पेट का CT Scan, MRI Scan, लीवर की बायोप्सी, Laparoscopy इत्यादि किये जा सकते हैं |  उसके बाद यदि किसी व्यक्ति में इस बात की पुष्टि होती है की वह लीवर कैंसर से प्रभावित है तो चिकित्सा विशेषज्ञों एक टीम द्वारा उस व्यक्ति का Treatment अर्थात इलाज शुरू किया जा सकता है इस टीम में निम्न चिकित्सा विशेषज्ञ सम्मिलित हो सकते हैं |

  • Liver Disease Specialist जिन्हें hepatologist कहते हैं |
  • Liver Cancer Surgeon
  • medical oncologist
  • clinical oncologist
  • Expert Nurse
  • Dietitian
  • Physiotherapist
  • Occupational Therapist
  • Psychologist
  • Counselor

Liver Cancer Treatment का निर्णय उपर्युक्त टीम द्वारा कैंसर का आकार, प्रकार, शरीर में उसकी स्थिति इत्यादि का जायजा लेकर लिया जायेगा | वैसे इस प्रकार का कैंसर का उपचार Surgery, chemoembolization, tumor ablation,Chemotherepy, Biological therapy, Radiation Therapy इत्यादि के माध्यम से किया जाता है |

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